चमकते सूर्य पर काले बादलों का साया … ! सवाल ये, कि सियासी कदों के साथ तस्वीरों की पहेली को कौन सुलझाएगा ? पढ़िए कोयले का खेल और सियासी तालमेल !

कोयले के खेल में घालमेल उजागर करने के लिए की गई कारर्वाई के बाद पूर्व सीएम रमन सिंह , राजेश मूणत और अन्य भाजपा नेताओं के साथ एक खास तस्वीर सत्ता पक्ष ने जारी की है । तस्वीर में हर नेता के साथ मौजूद शख्स का नाम सूर्यकांत है । जिसे लेकर बवाल मचा हुआ है , क्यों कि इस शख्स पर करोड़ों के लेन-देन का आरोप तय किया गया है। रेड के बाद छत्तीसगढ़ का सियासी तापमान भी बढ़ गया है । कांग्रेस और भाजपा के दिग्गज आमने-सामने हो गए। काले हीरे के इस कारोबार में हेराफेरी नई बात नहीं , पर प्रदेश में इसने सियासी रंग ले लिया है । हालांकि पक्ष-विपक्ष के बीच जारी घमासान को लेकर जनता का जवाब हर जगह सुनाई देने वाला ये जुमला पेश कर रहा है …. कि “ये पब्लिक है, सब जानती है। ”
कोयले के काले कारोबार पर नकेल कसने के लिए हुई रेड के बाद तिवारी का नाम सुर्खियों में आया है। दरअसल सूर्यकांत की कांति छत्तीसगढ़ में आभा बिखेर रही थी, अचानक आईटी रेड के काले बादल मंडराए और तस्वीर बदल गई। एक नामचीन दैनिक समाचार पत्र के मुताबिक महासमुंद में इनके पास छापेमारी के दौरान आईटी टीम के सामने करोड़ों के बेनामी लेन-देन का खुलासा हुआ है। जिसके बाद पांच जुलाई को बीजेपी ने इस शख्स का रिश्ता कांग्रेस से जुड़े होने का आरोप लगाया, तो वहीं जवाब में कांग्रेस ने भाजपा नेताओं संग सूर्यकांत की तस्वीर जारी कर दी। खैर सूर्यकांत तिवारी कौन हैं ? इसका जवाब कोल बेल्ट के सभी कारोबारियों के पास है। मौजूदा दौर मे सियासत आरोप-प्रत्यारोप के संबल पर ही गतिशील है। इस पूरे मामले में किसी तरह की राय बेमानी है। आने वाले वक्त में सूर्यकांत पर सियासत किस हद तक जारी रहती है, ये देखने वाली बात होगी। तब तक आप भी कीजिए इंतजार, क्योंकि हम तो बस चुप ही रहेंगे।ए
