सावन में शिवभक्ति का अद्भुत रंग: सिर पर आस्था, कंधे पर कांवड़ और जुबां पर ‘हर-हर महादेव’, महिलाओं ने निकाली भव्य कांवड़ यात्रा

रायपुर। सावन की भक्ति में डूबा परसुलीडीह सोमवार को उस वक्त शिवमय हो उठा, जब अर्पण जन कल्याण समिति की महिला मंडली ने आस्था और समर्पण से सजी भव्य कांवड़ यात्रा निकाली। कंधों पर सजी कांवड़, हाथों में पूजा की सामग्री और जुबां पर ‘हर-हर महादेव’ के जयघोष के साथ जब महिलाओं का समूह सड़कों से निकला, तो पूरा वातावरण भक्तिमय हो गया।
यह सिर्फ एक धार्मिक यात्रा नहीं थी, बल्कि महिलाओं की आस्था, एकजुटता और भगवान शिव के प्रति समर्पण का ऐसा दृश्य था, जिसने राह से गुजरने वाले लोगों का भी ध्यान अपनी ओर खींचा।
सुबह से शुरू हुई तैयारियां, शिव मंदिर में गूंजे मंत्र
कांवड़ यात्रा को लेकर महिलाओं में सुबह से ही खास उत्साह नजर आया। पारंपरिक मांगलिक परिधानों में सजी महिलाएं जल लेकर परसुलीडीह कॉलोनी स्थित महादेव मंदिर पहुंचीं। यहां विधि-विधान से भगवान शिव की पूजा-अर्चना और आरती की गई।
पूजा के बाद महिलाओं ने अपनी कांवड़ सजाई और महादेव का नाम लेकर यात्रा की शुरुआत की। जैसे ही पहला कदम आगे बढ़ा, वातावरण ‘हर-हर महादेव’ और ‘बोल बम’ के जयकारों से गूंज उठा।
रिंग रोड-3 के तालाब से भरा जल, कंधे पर उठाई आस्था
यात्रा के दौरान महिलाओं ने रिंग रोड-3 स्थित तालाब से जल भरा। इसके बाद जल से भरी कांवड़ को कंधे पर उठाकर महिलाएं शिवभक्ति में आगे बढ़ती रहीं।
कांवड़ में रखा जल और महिलाओं की श्रद्धा इस यात्रा का सबसे खास दृश्य रहा। रास्ते में लगातार गूंजते शिव के जयकारों ने ऐसा माहौल बनाया मानो सावन की भक्ति की लहरें पूरे क्षेत्र में फैल रही हों।
कांवड़ यात्रा में दिखा नारी शक्ति और आस्था का संगम
आमतौर पर कांवड़ यात्रा को पुरुष श्रद्धालुओं से जोड़कर देखा जाता है, लेकिन इस यात्रा में महिलाओं की बड़ी भागीदारी ने धार्मिक आयोजन को खास बना दिया।
पारंपरिक वेशभूषा में कांवड़ उठाए महिलाओं का उत्साह देखते ही बन रहा था। किसी के चेहरे पर भक्ति की चमक थी तो कोई भगवान शिव के जयकारों में पूरी तरह लीन नजर आई।
यह दृश्य महिला श्रद्धालुओं की धार्मिक आस्था और सामाजिक सहभागिता का भी प्रतीक बना।

जयघोष से गूंजती रहीं सड़कें
कांवड़ यात्रा जिस रास्ते से गुजरी, वहां कुछ देर के लिए माहौल पूरी तरह शिवमय नजर आया। ‘हर-हर महादेव’, ‘बोल बम’ और भगवान शिव के जयकारों से वातावरण गूंजता रहा।
यात्रा में शामिल महिलाओं के उत्साह ने सावन के धार्मिक माहौल में नई ऊर्जा भर दी। श्रद्धा, अनुशासन और सामूहिक सहभागिता के साथ आगे बढ़ती कांवड़ यात्रा लोगों के लिए आकर्षण का केंद्र बनी रही।
भक्ति के साथ दिया एकता और समर्पण का संदेश
अर्पण जन कल्याण समिति की महिला मंडली की इस पहल ने सावन की धार्मिक परंपरा को एक विशेष रंग दिया। कांवड़ यात्रा में शामिल अर्पण जनकल्याण समिति के अध्यक्ष-प्रतिभा शेऊतकर, उपाध्यक्ष-कुशुम वर्मा, सह सचिव-अंजू दुबे, कोषाध्यक्ष-जान्सी मीना, संगठनकर्ता-शैलेन्द्र वर्मा, प्रबंधनकर्ता-तारकेश्वरी वर्मा, सूचना और जनसंचार-खिलेश्वरी वर्मा (पम्मी), संगठन सलाहकार-नेहा मीना, संरक्षण सदस्य– लीला पाण्डेय, नंदनी वैष्णव, पुष्पा साहू, ने भगवान शिव के प्रति अपनी आस्था प्रकट करने के साथ-साथ सामूहिक एकता और सामाजिक सहभागिता का संदेश भी दिया।
कंधे पर कांवड़, मन में महादेव और जुबां पर हर-हर महादेव—इसी भाव के साथ निकली यह यात्रा सावन की भक्ति का यादगार दृश्य बन गई।
